➤ हिमाचल में प्रवक्ता (स्कूल न्यू) के 17,433 पदों के लिए नए भर्ती नियम अधिसूचित, 2010 के नियम निरस्त
➤ सीधी भर्ती और टीजीटी पदोन्नति के लिए 50-50 प्रतिशत कोटा, एसएमसी शिक्षकों को पांच फीसदी सीमित भर्ती का प्रावधान
➤ शुरुआती तीन साल ग्रुप-बी अराजपत्रित रहेंगे प्रवक्ता, इसके बाद ग्रुप-बी राजपत्रित श्रेणी में होंगे शामिल
शिमला। हिमाचल प्रदेश में सरकारी स्कूलों में प्रवक्ता बनने की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों और पदोन्नति की राह देख रहे शिक्षकों के लिए महत्वपूर्ण खबर है। प्रदेश सरकार ने प्रवक्ता (स्कूल न्यू) भर्ती एवं सेवा शर्तें नियम, 2026 अधिसूचित कर दिए हैं। नई नियमावली के तहत प्रवक्ताओं के कुल 17,433 पदों को भरने के लिए सीधी भर्ती और पदोन्नति का अनुपात तय किया गया है। वहीं, स्कूल प्रबंधन समिति (एसएमसी) के तहत कार्यरत पात्र शिक्षकों के लिए पांच फीसदी सीमित सीधी भर्ती का विशेष प्रावधान किया गया है। नई व्यवस्था लागू होने के साथ वर्ष 2010 के पुराने भर्ती नियम निरस्त कर दिए गए हैं।
शिक्षा सचिव की ओर से जारी अधिसूचना में प्रवक्ताओं के वर्गीकरण, वेतनमान, आयु सीमा, शैक्षणिक योग्यता और भर्ती प्रक्रिया से जुड़े प्रावधान स्पष्ट किए गए हैं। नियमों में सबसे अहम बदलाव यह है कि नियुक्ति के शुरुआती तीन वर्षों तक प्रवक्ता संवर्ग ग्रुप-बी अराजपत्रित रहेगा। तीन साल पूरे होने के बाद इसे ग्रुप-बी राजपत्रित श्रेणी में शामिल किया जाएगा। इस बदलाव से प्रवक्ताओं के सेवा वर्गीकरण की स्थिति को लेकर नई व्यवस्था निर्धारित हुई है।
सीधी भर्ती और पदोन्नति के लिए 50-50 फीसदी कोटा
नई नियमावली के अनुसार, प्रवक्ताओं के पद भरने के लिए भर्ती के दो प्रमुख रास्ते निर्धारित किए गए हैं। कुल पदों में से 50 फीसदी पद सीधी भर्ती के माध्यम से भरे जाएंगे, जबकि शेष 50 फीसदी पद प्रशिक्षित स्नातक शिक्षकों (टीजीटी) को पदोन्नति देकर भरे जाएंगे।
इस व्यवस्था के तहत पात्र नए अभ्यर्थियों को सीधी भर्ती के माध्यम से अवसर मिलेगा। वहीं, आवश्यक शर्तें पूरी करने वाले टीजीटी शिक्षकों के लिए भी प्रवक्ता बनने का रास्ता निर्धारित किया गया है। सीधी भर्ती के हिस्से में नियमित और नियमित किए गए कर्मचारियों से संबंधित प्रावधानों के साथ एसएमसी शिक्षकों के लिए निर्धारित पांच फीसदी सीमित भर्ती कोटा भी शामिल किया गया है।
एसएमसी शिक्षकों के लिए पांच फीसदी सीमित भर्ती
सरकार ने स्कूल प्रबंधन समिति के तहत कार्यरत शिक्षकों को लेकर भी विशेष व्यवस्था की है। 17 जुलाई 2012 की नीति के तहत नियुक्त और कम से कम पांच वर्ष की सेवा पूरी कर चुके सेवारत एसएमसी शिक्षक पांच फीसदी सीमित सीधी भर्ती कोटे के दायरे में आएंगे।
हालांकि, यह कोटा स्थायी नहीं होगा। नियमों के मुताबिक, विभाग में सभी पात्र एसएमसी शिक्षकों के समावेशन के बाद पांच फीसदी का यह विशेष कोटा स्वतः समाप्त हो जाएगा। इसके बाद इसे सामान्य सीधी भर्ती कोटे में शामिल कर दिया जाएगा। इस प्रावधान का उद्देश्य पात्र एसएमसी शिक्षकों को निर्धारित शर्तों के तहत भर्ती का अवसर देना है।
प्रवक्ताओं को लेवल-12 का वेतनमान
नई नियमावली में प्रवक्ताओं के वेतनमान को भी स्पष्ट किया गया है। इसके तहत उन्हें हिमाचल प्रदेश सिविल सेवा (संशोधित वेतन) नियम, 2022 के अनुसार पे-मैट्रिक्स के लेवल-12 का टाइम स्केल निर्धारित किया गया है।
वेतन और सेवा संबंधी प्रावधान नए नियमों के अनुरूप लागू होंगे। हालांकि, किसी कर्मचारी को वास्तविक रूप से मिलने वाले वेतन और अन्य लाभों की स्थिति संबंधित सेवा शर्तों तथा लागू सरकारी प्रावधानों के अनुसार तय होगी।
प्रवक्ता बनने के लिए स्नातकोत्तर और बीएड जरूरी
प्रवक्ता पद के लिए अभ्यर्थी के पास संबंधित विषय में किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से स्नातकोत्तर डिग्री होना आवश्यक है। इसके साथ ही राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद (एनसीटीई) से मान्यता प्राप्त संस्थान से बीएड या समकक्ष योग्यता का प्रावधान किया गया है।
सामान्य रूप से स्नातकोत्तर डिग्री में न्यूनतम 50 फीसदी अंक निर्धारित किए गए हैं। हालांकि, संबंधित श्रेणियों और विषयों के लिए नियमों में अलग-अलग अंक संबंधी शर्तें भी रखी गई हैं। इसलिए अभ्यर्थियों को अपने विषय और श्रेणी पर लागू योग्यता की शर्तों की जांच करना जरूरी होगा।
कंप्यूटर विज्ञान सहित कुछ विशेष विषयों के लिए अलग शैक्षणिक योग्यताएं निर्धारित की गई हैं। ऐसे विषयों में आवेदन करने वाले अभ्यर्थियों को सामान्य योग्यता के साथ संबंधित विषय की विशेष शर्तों को भी पूरा करना होगा।
18 से 45 वर्ष आयु वर्ग के अभ्यर्थी पात्र
अधिसूचित नियमों के अनुसार, प्रवक्ता पदों के लिए सामान्य आयु सीमा 18 से 45 वर्ष रखी गई है। आरक्षित श्रेणियों या अन्य पात्र वर्गों के लिए किसी प्रकार की आयु छूट लागू होती है या नहीं, इसकी पुष्टि संबंधित अधिसूचना में दिए गए विस्तृत प्रावधानों से करनी चाहिए।
नई नियमावली के लागू होने से प्रवक्ता पदों की सीधी भर्ती, टीजीटी शिक्षकों की पदोन्नति, एसएमसी शिक्षकों के सीमित कोटे और सेवा वर्गीकरण से संबंधित नियमों को नया आधार मिला है। अब भर्ती की पात्रता और प्रक्रिया के लिए वर्ष 2026 की अधिसूचित नियमावली महत्वपूर्ण होगी।



